पुल टूटने के मामले में हाईकोर्ट सख्त, विभागीय सचिव को अंतिम मौका

कई पुल टूटने से सरकारी कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल

पुल टूटने के मामले में हाईकोर्ट सख्त, विभागीय सचिव को अंतिम मौका

रांची स्थित झारखंड उच्च न्यायालय ने ग्रामीण विकास विभाग द्वारा बनाए गए पुलों के टूटने से जुड़ी जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए विभागीय सचिव को 24 फरवरी 2026 तक शपथ पत्र दाखिल करने का अंतिम अवसर दिया है। तय समय पर जवाब नहीं देने पर सचिव पर 10 हजार रुपये का व्यक्तिगत जुर्माना लगाया जाएगा।

रांची : झारखंड उच्च न्यायालय ने ग्रामीण विकास विभाग द्वारा बनाए गए पुलों के टूटने से संबंधित एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए विभाग के सचिव को शपथ पत्र दाखिल करने का अंतिम अवसर दिया है। अदालत ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि सचिव 24 फरवरी 2026 तक जवाब दाखिल करें, अन्यथा उन्हें व्यक्तिगत रूप से जुर्माना भरना होगा।

यह आदेश मुख्य न्यायाधीश एम. एस. सोनक और न्यायमूर्ति राजेश शंकर की खंडपीठ ने पंकज कुमार यादव द्वारा दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया। याचिका में आरोप लगाया गया है कि ग्रामीण विकास विभाग द्वारा पिछले 10 वर्षों में बनाए गए कई पुल टूट गए, जिससे सरकारी कार्यों की गुणवत्ता और जवाबदेही पर सवाल उठे हैं।

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय मांगा गया। इस पर अदालत ने अंतिम मौका देते हुए कहा कि यदि सचिव निर्धारित समय तक शपथ पत्र दाखिल नहीं करते हैं, तो उन्हें व्यक्तिगत रूप से 10,000 रुपये का जुर्माना याचिकाकर्ता को देना होगा। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि यह जुर्माना राज्य के खजाने से नहीं, बल्कि संबंधित सचिव को अपनी जेब से देना होगा।

खंडपीठ ने यह भी कहा कि अदालत के पूर्व निर्देशों के बावजूद अब तक अधिकारियों ने शपथ पत्र दाखिल नहीं किया है। अदालत ने उल्लेख किया कि 27 नवंबर 2025 को पहली बार जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया गया था। इसके बाद 9 जनवरी 2026 को भी राज्य सरकार ने सकारात्मक आश्वासन दिया था, लेकिन फिर भी शपथ पत्र दाखिल नहीं किया गया।

अदालत ने याचिकाकर्ता को भी अनुमति दी है कि वे चाहें तो 11 मार्च 2026 तक अपना प्रत्युत्तर दाखिल कर सकते हैं। इस मामले की अगली सुनवाई 18 मार्च 2026 को निर्धारित की गई है।

Edited By: Susmita Rani
Susmita Rani Picture

Susmita Rani is a journalist and content writer associated with Samridh Jharkhand. She regularly writes and reports on grassroots news from Jharkhand, covering social issues, agriculture, administration, public concerns, and daily horoscopes. Her writing focuses on factual accuracy, clarity, and public interest.

Latest News

Horoscope: चंद्रमा का प्रभाव, राशियों पर बदलाव: जानें आज क्या कह रहे हैं आपके सितारे Horoscope: चंद्रमा का प्रभाव, राशियों पर बदलाव: जानें आज क्या कह रहे हैं आपके सितारे
झारखंड में एयर एंबुलेंस हादसा: रांची से दिल्ली जा रही फ्लाइट चतरा के सिमरिया में दुर्घटनाग्रस्त, 7 लोग सवार
घोड़े पर Blinkit बैग लेकर निकले बुजुर्ग, राजस्थान का देसी डिलीवरी वीडियो वायरल
Pamban Bridge: समुद्र के ऊपर उड़ती ट्रेन का रोमांच, जानिए भारत के पहले सी रेल ब्रिज की कहानी
आरएलएसवाई इंटर कॉलेज के पूर्व प्राचार्य को मातृ शोक, 97 वर्षीय गौरी बाला देवी का निधन
Opinion : मोदी–योगी की मौजूदगी में रैपिड रेल उद्घाटन बना राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन
Pax Silica Alliance में भारत शामिल, AI-चिप सप्लाई चेन में बड़ा कदम
Opinion : विदेश दौरे के पहले दिन योगी आदित्यनाथ को बड़ी निवेश सफलता
रेनॉल्ट ट्विजी मॉडिफाइड: स्टार्क वार्ग इंजन से ऑडी को हराया, लैम्बॉर्गिनी से ज्यादा टॉर्क!
पहली बार मतदान कर खुशी से झूमीं दो सगी बहनें, बोलीं – हमारा हक है मतदान
नगर पालिका चुनाव 2026: गिरिडीह में जिला नियंत्रण कक्ष से मतदान प्रक्रिया की कड़ी निगरानी
पीएम मोदी के 5 टिप्स: डिजिटल फ्रॉड और re-KYC से कैसे बचें, मन की बात हाइलाइट्स