पीएम मोदी के 5 टिप्स: डिजिटल फ्रॉड और re-KYC से कैसे बचें, मन की बात हाइलाइट्स
नई दिल्ली: पीएम नरेंद्र मोदी ने अपने ताजा 'मन की बात' कार्यक्रम में डिजिटल धोखाधड़ी की बढ़ती घटनाओं पर गहरी चिंता जताई और लोगों को सतर्क रहने का आह्वान किया। उन्होंने ठगों के नए-नए तरीकों का जिक्र करते हुए सीनियर सिटीजंस और व्यापारियों को निशाना बनाने की बात कही, साथ ही KYC अपडेट करने और OTP शेयर न करने जैसे व्यावहारिक उपाय बताए।

प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि जालसाज खुद को अधिकारी या अफसर बताकर फोन, एसएमएस या संदिग्ध लिंक भेजते हैं, जिससे लोग डर जाते हैं और अपनी निजी जानकारी सौंप देते हैं। मन की बात में उन्होंने जोर देकर कहा कि बैंक खाते, पेंशन या UPI की सुरक्षा के लिए KYC हमेशा अपडेट रखें, लेकिन इसे केवल बैंक शाखा, अधिकृत ऐप या विश्वसनीय माध्यमों से ही करें। re-KYC का मतलब है पहले से पूरी हो चुकी KYC को समय-समय पर ताजा करना, ताकि बैंक आपकी जानकारी सटीक रख सके।

मोदी जी ने डिजिटल फ्रॉड से बचाव के लिए पांच मुख्य सलाहें दीं, जो रोजमर्रा की जिंदगी में आसानी से अपनाई जा सकती हैं। पहली सलाह है सतर्क रहना – किसी अनजान कॉल या लिंक पर तुरंत भरोसा न करें, बल्कि चौकन्ने हो जाएं। दूसरी, KYC अपडेट सिर्फ आधिकारिक चैनलों से करें, ताकि ठग आपकी पर्सनल डिटेल्स न चुरा सकें। तीसरी सलाह OTP, आधार नंबर या बैंक खाते का विवरण कभी किसी अनजान व्यक्ति से शेयर न करें, चाहे वो कितना ही दबाव बनाए।

चौथी महत्वपूर्ण सलाह है पासवर्ड को नियमित रूप से बदलते रहना, जिससे हैकर्स के लिए एंट्री मुश्किल हो जाए। आखिरी सलाह भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के जारी सुरक्षा निर्देशों और सुझावों का सख्ती से पालन करना, क्योंकि ये सबसे भरोसेमंद गाइडलाइंस हैं। इन पांच उपायों को अपनाकर कोई भी व्यक्ति ऑनलाइन ठगी के जाल से आसानी से बच सकता है, जैसा कि पीएम ने खुद उदाहरण देकर समझाया।
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