9 घंटे प्राइवेट जॉब करते हुए UPSC क्रैक कर IAS बनीं श्वेता भारती, बिहार गर्ल की इंस्पायरिंग सक्सेस स्टोरी
पटना: बिहार की बेटी श्वेता भारती ने साबित कर दिया कि प्राइवेट जॉब की थकान के बावजूद भी यूपीएससी जैसी कठिन परीक्षा क्रैक की जा सकती है। उन्होंने नौकरी के साथ मेहनत कर पहली ही कोशिश में आईएएस बनने का सपना पूरा किया, जो लाखों युवाओं के लिए प्रेरणा है।

हर दिन सुबह से शाम तक नौ घंटे की ड्यूटी के बाद घर लौटकर रात भर यूपीएससी की तैयारी करती रहीं श्वेता। समय निकालना आसान न था, फिर भी हार न मानने की जिद ने उन्हें आगे बढ़ाया। कोचिंग का सहारा नहीं लिया, सिर्फ सेल्फ स्टडी पर भरोसा किया। इससे पहले 64वीं और 65वीं बीपीएससी भी पास कीं, जहां 65वीं में 65वीं रैंक लाकर वेस्ट चंपारण में डिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम ऑफिसर बनीं।
2021 की यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में पहली अटेम्प्ट में ही ऑल इंडिया रैंक 356 हासिल कर इतिहास रच दिया। लिखित में 774 और इंटरव्यू में 168 अंक लाए, कुल 942 मार्क्स के साथ सफलता मिली। आज भागलपुर में असिस्टेंट कलेक्टर के रूप में सेवा दे रही हैं, जो उनके संघर्ष की जीत है।
उनकी सफलता का सबसे बड़ा राज था सोशल मीडिया से पूरी दूरी। इंटरव्यू में बताया कि व्हाट्सएप ग्रुप्स और फोन बंद कर दिए, बचे समय को पढ़ाई में झोंक दिया। यह गोल्डन रूल नौकरीपेशा उम्मीदवारों के लिए खास सीख है कि फोकस बनाए रखो तो कुछ भी नामुमकिन नहीं। श्वेता की कहानी बताती है कि जिंदगी के बोझ तले भी सपने पूरे हो सकते हैं।
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