Elvish Yadav Snake Venom Case: सुप्रीम कोर्ट की कड़ी फटकार, ‘मशहूर लोग कानून से ऊपर नहीं’
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने बिग बॉस ओटीटी विनर एल्विश यादव को सांप के जहर मामले में कड़ी फटकार लगाई है। अदालत ने साफ शब्दों में कहा कि मशहूर हस्तियां जो मन में आए वैसा नहीं कर सकतीं।
कोर्ट की जोरदार लताड़

एल्विश के वकील का बचाव
एल्विश के वकील मुक्ता गुप्ता ने दलील दी कि यूट्यूबर सिर्फ विवादित पार्टी में मेहमान थे, रेव पार्टी का कोई पुख्ता सबूत नहीं मिला। मेडिकल रिपोर्ट में जांचे गए नौ सांप जहरीले ही नहीं पाए गए। कोर्ट ने राज्य के वकील से पूछा कि रेव पार्टियों में सांप का जहर कैसे निकाला और इस्तेमाल होता है। अगली सुनवाई 19 मार्च 2026 को तय हुई है।
सांप Venom केस की पूरी कहानी
यह केस 3 नवंबर 2023 का है जब नोएडा पुलिस को कथित रेव पार्टी की टिप मिली। छापे में कोबरा समेत नौ जहरीले सांप बरामद हुए, जिनका जहर अवैध पार्टियों में इस्तेमाल होता था। भाजपा सांसद मेनका गांधी के एनजीओ की शिकायत पर एफआईआर दर्ज हुई, जिसमें एल्विश पर सांपों के साथ वीडियो शूटिंग और ड्रग्स वाली पार्टियों का आरोप लगा। पुलिस के अंडरकवर ऑपरेशन में पांच लोग गिरफ्तार हुए, जिन्होंने एल्विश को मास्टरमाइंड बताया।
गिरफ्तारी से जमानत तक सफर
17 मार्च 2024 को एल्विश समेत छह लोगों को वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 और आईपीसी की धारा 120बी (आपराधिक साजिश) के तहत गिरफ्तार किया गया। न्यायिक हिरासत के बाद 22 मार्च को गौतम बुद्ध नगर कोर्ट ने 50 हजार के बेल बॉन्ड पर जमानत दी। वकील प्रशांत राठी ने कहा कि एनडीपीएस एक्ट का कोई उल्लंघन साबित नहीं हुआ। जांच गोवा और पंजाब तक फैली। शुरुआत में एल्विश ने कबूल किया था, लेकिन आधिकारिक बयान नहीं आया।
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