Ring of Fire Solar Eclipse Today: भारत में दिखेगा या रहेगा अदृश्य? इस दिन आएगा ब्लड मून
वॉशिंगटन: 17 फरवरी 2026 को लगने वाला सूर्य ग्रहण यानी आज पूरी दुनिया के कुछ हिस्सों में आसमान में रिंग ऑफ फायर का शानदार नजारा पेश कर रहा है। यह वलयाकार सूर्य ग्रहण है, जहां चंद्रमा सूर्य को पूरी तरह ढक नहीं पाता और उसके चारों ओर आग का छल्ला बनता दिखाई देता है।
यह ग्रहण अंटार्कटिका के बर्फीले इलाकों में पूरी तरह दिखेगा, जबकि दक्षिण अफ्रीका, दक्षिण अमेरिका के टिप्स, हिंद महासागर और दक्षिणी अफ्रीका के हिस्सों में आंशिक रूप से नजर आएगा। भारत में यह सूर्य ग्रहण कहीं दिखाई नहीं देगा, लेकिन खगोल प्रेमियों को निराश होने की जरूरत नहीं क्योंकि कुछ ही दिनों में एक और खास खगोलीय घटना का इंतजार है।
वलयाकार सूर्य ग्रहण की खासियतें

3 मार्च को पूर्ण चंद्र ग्रहण
चंद्र ग्रहण तब लगता है जब पृथ्वी सूर्य और चंद्रमा के बीच आ जाती है, जिससे पृथ्वी की छाया चांद पर पड़ती है। इसकी अंब्रा छाया में चांद पूरी तरह ढक जाता है लेकिन गायब नहीं होता, बल्कि सूर्य की रोशनी का अपवर्तन होने से लालिमा छा जाती है। अच्छी बात यह है कि चंद्र ग्रहण को नंगी आंखों से सुरक्षित देखा जा सकता है, बिना किसी विशेष उपकरण के।
भारत में चंद्र ग्रहण का समय
भारत के विभिन्न राज्यों में चंद्र ग्रहण का समय थोड़ा अलग होगा। अंडमान निकोबार में पूर्ण ग्रहण दोपहर 5:18 बजे IST से शुरू होगा, जबकि आंध्र प्रदेश जैसे राज्यों में आंशिक चरण शाम 5:55 बजे दिखेगा। दिल्ली, मुंबई और पटना समेत उत्तर भारत में यह शाम 6 बजे के करीब शुरू होकर रात 9:30 बजे तक चलेगा। मौसम साफ रहने पर पूरे देश में यह नजारा आसानी से देखा जा सकेगा।
