Ranchi News: डीपीएस में कक्षा दसवीं के मेधावी छात्र सम्मानित
प्रमाण पत्र और ट्रॉफी विधार्थियों को प्रदान किया गया
रांची: दिल्ली पब्लिक स्कूल(डीपीएस) ने विवेकानंद सभागार में भव्य सम्मान समारोह का आयोजन कर CBSE कक्षा दसवीं (बैच 2025) के मेधावी छात्रों को सम्मानित किया. इस अवसर को छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों ने मिलकर विद्यार्थियों की उल्लेखनीय शैक्षणिक उपलब्धियों का गौरवपूर्ण उत्सव मनाया.
इस अवसर पर किरण कुमारी पासी (आईएएस), डायरेक्टर ऑफ सोशल वेलफेयर, झारखंड एवं डायरेक्टर ऑफ एनिमल हसबेंडरी, झारखंड, नरेंद्र कुमार सिंह, आई.जी (एच.आर), झारखंड एवं कर्नल संतोष कुमार, कमांडिंग ऑफिसर, 3 झारखंड बटालियन, राष्ट्रीय कैडेट कोर, रांची ने विशिष्ट अतिथियों के रूप में इस सम्मान समारोह की शोभा बढ़ाई.

अपने संदेश में नरेंद्र कुमार सिंह ने कहा, “सच्ची सफलता केवल पुरस्कारों या शैक्षणिक उत्कृष्टता में नहीं होती, बल्कि यह व्यक्ति के चरित्र की दृढ़ता और प्रत्येक अनुभव से सीखने की इच्छा में निहित होती है. आज की उपलब्धियाँ आपकी प्रतिबद्धता का प्रतिबिंब हैं, लेकिन याद रखिए — असली दुनिया आपका नेतृत्व, करुणा और धैर्यशीलता देखने के लिए प्रतीक्षा कर रही है.”
अपने संबोधन में किरण कुमारी पासी ने छात्रों की उपलब्धियों पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा, "ये असाधारण परिणाम केवल आपकी बुद्धिमत्ता नहीं, बल्कि आपकी अथक मेहनत, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का प्रमाण हैं. ऐसी उपलब्धियाँ रातोंरात नहीं मिलतीं, बल्कि वर्षों की मेहनत, त्याग और शिक्षकों व अभिभावकों के सतत सहयोग से हासिल होती हैं. इस सफलता के बाद भी विनम्रता बनाए रखें और सीखते रहने की जिज्ञासा को जीवित रखें. सच्ची उत्कृष्टता केवल परीक्षाओं में टॉप करने में नहीं, बल्कि एक संवेदनशील, जिम्मेदार नागरिक बनने में है जो समाज में सकारात्मक योगदान दे.”
कर्नल संतोष कुमार ने भी विद्यार्थियों को प्रेरणास्पद विचारों से संबोधित किया. उन्होंने कहा, "सफलता एक यात्रा है, मंज़िल नहीं. यह उपलब्धि महत्वपूर्ण है, पर यह आपके जीवन की लंबी यात्रा की शुरुआत है — एक ऐसी यात्रा जिसमें निरंतर सीखना, आत्म-विकास और समाज में सार्थक योगदान देना अहम हैं. यह सफलता आपके भीतर एक नई प्रेरणा जगाए, जिससे आप और ऊँचा सोचें, बड़े सपने देखें और ईमानदारी से सेवा करें. अंततः आपकी पहचान आपके अंकों या पुरस्कारों से नहीं, बल्कि आपके चरित्र, मूल्यों और चुनौतियों से जूझने की क्षमता से होती है."
प्राचार्या डॉ. जया चौहान ने भी अपने उद्बोधन में सभी अभिभावकों और शिक्षकों का आभार प्रकट करते हुए कहा कि ये शैक्षणिक उपलब्धियाँ पूरे विद्यालय समुदाय की सामूहिक प्रयासों का परिणाम हैं. उन्होंने कहा, “ये उपलब्धियाँ हमारे विद्यालय के मूल सिद्धांतों — प्रतिबद्धता, दृढ़ता और उत्कृष्टता की निरंतरता को दर्शाती हैं.”
कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन और सामूहिक फोटोग्राफी के साथ हुआ.
