नशे की गिरफ्त में झारखण्ड के युवा, रिनपास सहित निजी अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या 

नशेड़ियों की तेजी से बढ़ रही है तादाद: डॉ सिद्धार्थ

नशे की गिरफ्त में झारखण्ड के युवा, रिनपास सहित निजी अस्पतालों में बढ़ी मरीजों की संख्या 
मरीज के परिजन से बात करते डॉक्टर

मौजूदा दौर में गार्जियन अपने ऑफिस या फिर अन्य व्यस्तता के कारण बिजी रहते हैं. इससे बच्चों में अकेलापन और असुरक्षा के भाव पैदा हो जाते हैं. अभिभावक और बच्चों के बीच संवाद की कमी के कारण बच्चों में नशे की लत पकड़ रही है. 

रांची: कांके स्थित रांची इंस्टीच्यूट ऑफ न्यूरो साइकैट्री में नशा मुक्ति के लिए मरीजों की संख्या में लगातार वृद्धि देखी जा रही है. इसमें खासकर झारखण्ड के युवा पीढ़ी नशे की गिरफ्त में जा रहा है. दरअसल नशे की गिरफ्त में फंसे युवाओं के परिजनों की संख्या लगातार बढ़ रही है. 

रिनपास में प्रतिदिन औसतन पांच से सात मरीज ओपीडी में पहुंच रहे हैं. इस हिसाब से माह में डेढ़ सौ से अधिक मरीजों का नशा मुक्ति का इलाज किया जा रहा है. सबसे बड़ी बात यह है कि रिनपास के अलावा निजी अस्पतालों अथवा निजी प्रैक्टिसनर डॉक्टरों के क्लिनिक में भी नशेड़ियों का इलाज हो रहा है.  

12 से लेकर 25 साल की उम्र के युवक बड़ी संख्या गांजा (गेटवे ऑफ ड्रग्स) से लेकर ब्राउन शुगर-हेरोइन सेवन कर रहे हैं जिससे लगातार मरीजों की संख्या में वृद्धि देखी जा रही है. युवा वर्ग अपनी आर्थिक हैसियत के हिसाब से नशे का सेवन कर रहा है. इसमें डेएंडरायट, इरेजर, कोरेक्स कफ सिरफ, ब्राउन शुगर, हेरोइन आदि का आसानी से इस्तेमाल किया जा रहा है.

नशे के मरीजों में एंग्जायटी, चिड़चिड़ापन, बात-बात में गुस्साना जैसे सिम्टम सामान्य हैं. आंकड़ों के मुताबिक इनमें नाबालिक स्कूली बच्चे भी शामिल हैं. 

यह भी पढ़ें: भाजपा ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के विदेशी दौरों पर श्वेत पत्र जारी करने की मांग की

डॉ सिद्धार्थ के अनुसार नशे के हैं अलग- अलग स्टेज

रांची इंस्टीच्यूट ऑफ न्यूरो साइकैट्री (रिनपास) के सीनियर रेजिडेंट सिद्धार्थ सिन्हा बताते हैं कि लड़के डेन्डराईट, एरेज एक्स जैसे आसानी से उपलब्ध नशे की चीजों से शुरूआत करते हैं. ये आसानी और सस्ते में उपलब्ध होने वाली नशे का समान है. 

यह भी पढ़ें: दीपिका पांडेय का बड़ा दावा: झारखंड बना गरीबों के सशक्तिकरण का राष्ट्रीय मॉडल

स्टेज 1: स्कूल या कॉलेज के विद्यार्थी गलत शोहबत में आकर मजा के लिए नशा शुरू करते हैं. धीरे- धीरे नशे की लत पकड़ लेती है. इस तरह के नशे को वोलेटाइल कंपाउंड सब्सटेंस कहते हैं.
स्टेज 2: गांजा के सेवन का है. गांजा को गेटवे ऑफ ड्रग्स भी कहते हैं. यह भी आसानी से बाज़ार में मिल जाता है. इसके सेवन के लिए ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ती है.
स्टेज 3: नशे के आदी नींद की गोलियों और सिरप का सहारा लेते हैं. इनका सेवन भी नशेड़ियों को 18 से 24 घंटे तक नशे में रखने के लिए काफी होता है.
स्टेज 4: ब्राउन शुगर हीरोइन का है. डॉ सिन्हा के अनुसार पहले दोनों चीजें रांची के बाजार में आसानी से उपलब्ध नहीं थी. लेकिन, अब हिंदपीढ़ी, डिबडीह, बरियातू, एचबी रोड और सर्कुलर रोड में यह आसानी से मिल जाता है. 

इधर, मनोवैज्ञानिक मोनिका कहती है कि मौजूदा दौर में बड़े अपने ऑफिस या फिर अन्य व्यस्तता के कारण बिजी रहते हैं. इससे बच्चों में अकेलापन और असुरक्षा के भाव पैदा हो जाते हैं. अभिभावक और बच्चों के बीच संवाद की कमी के कारण बच्चों में नशे की लत पकड़ रही है

गूगल न्यूज से जुड़ें... Follow करें
चैनल से जुड़ें 👉
Edited By: Sujit Sinha
Sujit Sinha Picture
Senior Technical Editor | Political & Geopolitical Affairs
Works in digital journalism and newsroom operations with a commitment to accurate, responsible, and fact-based reporting.

Latest News

आज का राशिफल: किन राशियों को मिलेगा लाभ, किन्हें रहना होगा सावधान आज का राशिफल: किन राशियों को मिलेगा लाभ, किन्हें रहना होगा सावधान
Ramgarh News: कोयलांचल में भीषण गर्मी को देख मुखिया ने पत्रकार चौक समेत दो जगहो पर प्याऊ की व्यवस्था कराई
Ramgarh News: पुलिस की बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक, भैरवी नदी किनारे अवैध शराब भट्टी ध्वस्त, 120 लीटर महुआ शराब जब्त
Ramgarh News: सीसीएल प्रबंधन का बड़ा एक्शन, अवैध कोयला मुहानों पर चला बुलडोजर, 20 टन कोयला जब्त
Dhanbad News: बिजली-पानी संकट पर विधायक रागिनी सिंह सख्त: खुद उतरीं ग्राउंड पर, अफसरों को दी हिदायत
Dhanbad News: डालसा की बड़ी पहल, बस्ताकोला के जीवन संस्थान में दिव्यांग बच्चों के अधिकारों पर जागरूकता कार्यक्रम
Dumka News: डीएसओ डॉ राजशेखर ने किया रामगढ़ स्थित राज्य खाद्य निगम गोदाम का औचक निरीक्षण
Dumka News: फिट इंडिया मूवमेंट के तहत कॉमनवेल्थ डे पर साइकिलिंग और योग कक्षा का आयोजन 
Palamu News: आजसू का बड़ा शंखनाद, 15 दिनों के भीतर जिले की सभी पंचायतों में होगा संगठन का विस्तार
Palamu News: पिकेट बनाने के खिलाफ फूटा जनाक्रोश: मेदिनीनगर में बाजार पूरी तरह बंद, व्यापारियों में भारी उबाल
Pakur News: बालू माफिया का तांडव, महेशपुर-गुम्मामोड़ सड़क पर बिना चालान दौड़ रहे ओवरलोड हाईवा
Pakur News: प्रतिबंधित लॉटरी का बड़ा नेटवर्क सक्रिय, अंबेडकर चौक से गांवों तक रोजाना लाखों का अवैध धंधा