न्यूजीलैंड क्रिकेट का बड़ा सम्मान: जेरेमी कोनी और हैडी टिफेन 'हॉल ऑफ फेम' में शामिल
पिछले साल की 'फर्स्ट इलेवन' के बाद पहली बार नए खिलाड़ियों का चयन
न्यूजीलैंड क्रिकेट ने अपने हॉल ऑफ फेम का विस्तार करते हुए पूर्व दिग्गज ऑलराउंडर जेरेमी कोनी और हैडी टिफेन को इस प्रतिष्ठित सूची में शामिल किया है। कोनी ने 80 के दशक में कीवी टीम को ऐतिहासिक जीतें दिलाईं, वहीं टिफेन ने महिला क्रिकेट में बतौर खिलाड़ी, कप्तान और कोच अपना बहुमूल्य योगदान दिया। ये दोनों नाम पिछले साल घोषित 'फर्स्ट इलेवन' (जिसमें रिचर्ड हैडली और ब्रेंडन मैक्कुलम शामिल थे) के बाद जोड़े जाने वाले पहले नाम हैं। इन्हें आगामी न्यूजीलैंड क्रिकेट अवॉर्ड्स के दौरान औपचारिक रूप से सम्मानित किया जाएगा।
वेलिंगटन: न्यूजीलैंड क्रिकेट ने अपने हॉल ऑफ फेम में पूर्व ऑलराउंडर जेरेमी कोनी और हैडी टिफेन को शामिल किया है। यह पिछले साल घोषित “फर्स्ट इलेवन” के बाद पहली बार नए नाम जोड़े गए हैं। जेरेमी कोनी ने 1974 से 1987 के बीच अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेला और 1980 के दशक में न्यूजीलैंड टीम के स्वर्णिम दौर में अहम भूमिका निभाई। उनकी कप्तानी में टीम ने 1985 और 1986 में तीन ऐतिहासिक टेस्ट सीरीज जीत दर्ज की, जिसमें ऑस्ट्रेलिया को उनके घर और न्यूजीलैंड में तथा इंग्लैंड को इंग्लैंड में हराना शामिल था। कोनी ने 52 टेस्ट मैचों में 2668 रन बनाए, जिसमें तीन शतक और 15 अर्धशतक शामिल हैं, जबकि गेंदबाजी में 27 विकेट लिए। वनडे क्रिकेट में उन्होंने 88 मैचों में 1874 रन और 54 विकेट हासिल किए। संन्यास के बाद वे सफल कमेंटेटर और प्रस्तुतकर्ता बने।

गौरतलब है कि पिछले साल हॉल ऑफ फेम की शुरुआत के दौरान बर्ट सटक्लिफ, जॉन आर. रीड, जैकी लॉर्ड, ट्रिश मैककेल्वी, ग्लेन टर्नर, सर रिचर्ड हैडली, डेबी हॉकले, मार्टिन क्रो, एमिली ड्रम्म, डेनियल विटोरी और ब्रेंडन मैक्कुलम जैसे दिग्गजों को शामिल किया गया था। हॉल ऑफ फेम में शामिल होने के लिए खिलाड़ी का न्यूजीलैंड का प्रतिनिधित्व करना और कम से कम पांच साल पहले संन्यास लेना जरूरी है। चयन खिलाड़ियों के प्रदर्शन, नेतृत्व क्षमता और उनके प्रभाव को ध्यान में रखकर किया जाता है। कोनी और टिफेन को औपचारिक रूप से न्यूजीलैंड क्रिकेट अवॉर्ड्स के दौरान सम्मानित किया जाएगा।
