social media impact
<% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<%- node_title %>
Published On
By <%= createdBy.user_fullname %>
<% if(node_description!==false) { %> <%= node_description %>
<% } %> <% catList.forEach(function(cat){ %> <%= cat.label %> <% }); %>
Read More... Opinion : डिजिटल लत के साये में बचपन, टूटती जिंदगियां और भारत की अधूरी सोशल मीडिया सुरक्षा नीति
Published On
By अजय कुमार, लखनऊ
भारत में तेजी से बढ़ती मोबाइल और इंटरनेट पहुंच बच्चों की मानसिक दुनिया को बदल रही है। ऑनलाइन गेमिंग और सोशल मीडिया एल्गोरिदम उन्हें लत के जाल में फंसा रहे हैं, जहां खेल और असली जिंदगी की सीमा मिटती जा रही है। हाल की घटनाएं इस डिजिटल खतरे की गंभीरता को उजागर करती हैं। भ्रामक सूचनाओं के दौर में प्रेस की विश्वसनीयता पर कोडरमा में परिचर्चा
Published On
By Kumar Ramesham
कोडरमा के उरवां में आयोजित परिचर्चा में उपायुक्त ऋतुराज और वरिष्ठ पत्रकारों ने भ्रामक सूचनाओं से समाज को होने वाले नुकसान और प्रेस की विश्वसनीयता बनाए रखने की जरूरत पर चर्चा की। सोशल मीडिया बना परेशानी की जड़, बाल मेले में गूंजी बच्चों की आवाज
Published On
By Mohit Sinha
जमशेदपुर में आयोजित चतुर्थ बाल मेला के छठे दिन “डिजिटल युग में बचपन और सोशल मीडिया” विषय पर भाषण प्रतियोगिता हुई, जिसमें छात्रों ने स्क्रीन टाइम बढ़ने, मानसिक स्वास्थ्य, सोशल मीडिया के नकारात्मक प्रभाव और असली जीवन से दूर होते बचपन पर गहरी चिंताएं जताईं। रितु और काजल ने अपने-अपने वर्ग में प्रथम स्थान हासिल किया। 