Giridih News: 10 जून से मुख्यमंत्री आवास घेराव का ऐलान, झारखंड आंदोलनकारियों ने छेड़ी आर-पार की लड़ाई
आंदोलनकारियों ने सरकार के समक्ष 10 सूत्री मांग पत्र रखा
गिरिडीह के डॉ. भीमराव अंबेडकर भवन में आयोजित झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा की बैठक में 10 जून से मुख्यमंत्री आवास के अनिश्चितकालीन घेराव, प्रदर्शन, आमरण अनशन और आत्मदाह कार्यक्रम का ऐलान किया गया।
गिरिडीह: झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा ने राज्य सरकार के खिलाफ अपने आंदोलन को तेज करने का निर्णय लिया है। सोमवार को गिरिडीह स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर भवन में आयोजित जिला स्तरीय बैठक में 10 जून 2026 से मुख्यमंत्री आवास के अनिश्चितकालीन घेराव, प्रदर्शन, आमरण अनशन और आत्मदाह कार्यक्रम चलाने की घोषणा की गई। बैठक की अध्यक्षता पोलूस हंसदा ने की, जबकि संचालन ओमप्रकाश महतो ने किया।
बैठक में मोर्चा के संस्थापक प्रधान सचिव पुष्कर महतो, महासचिव विनोद पांडे, सचिव सूरज प्रसाद जायसवाल सहित कई आंदोलनकारी नेता मौजूद रहे। नेताओं ने कहा कि झारखंड राज्य गठन के मूल उद्देश्यों और आंदोलनकारियों के सम्मान को लेकर वर्षों से सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया जा रहा है, लेकिन अब तक उनकी मांगों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई है।
10 सूत्री मांग पत्र जारी

'माय-माटी-मान' की रक्षा के लिए संघर्ष

राज्यभर के लोगों से रांची पहुंचने की अपील
मोर्चा नेताओं ने राज्य के सभी झारखंडी नागरिकों, आंदोलनकारियों और समर्थकों से 10 जून को रांची पहुंचकर आंदोलन को सफल बनाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई केवल आंदोलनकारियों की नहीं, बल्कि झारखंड की अस्मिता, अधिकार और सम्मान की लड़ाई है।
बैठक में विनोद पांडे, मनोज कुमार पांडे, सूरज प्रसाद जायसवाल, लड्डू पांडे, रवींद्र सिंह, नारायण राणा, कामदेव प्रसाद चौधरी, मजीद अंसारी, नरेश राय, मनोज महथा, कृष्ण मुरारी प्रसाद, शिशिर कुमार राय, अरुण सिंह, रघुनाथ सिंह, मोहम्मद असलम अंसारी, शिवाजी मुर्मू, हरिप्रसाद वर्मा, सोहन राय, मोहन राम, अशोक कुमार सहित बड़ी संख्या में आंदोलनकारी उपस्थित थे।
Susmita Rani is a journalist and content writer associated with Samridh Jharkhand. She regularly writes and reports on grassroots news from Jharkhand, covering social issues, agriculture, administration, public concerns, and daily horoscopes. Her writing focuses on factual accuracy, clarity, and public interest.


