Ranchi News: यौन उत्पीड़न मामले में पूर्व प्रिंसिपल दोषी, कोर्ट ने सुनाई 3 साल की सजा
डीएवी कपिलदेव यौन उत्पीड़न मामले में अदालत का अहम फैसला
रांची से एक बड़ा न्यायिक फैसला सामने आया है, जहां डीएवी कपिलदेव पब्लिक स्कूल के पूर्व प्रिंसिपल मनोज कुमार सिन्हा को यौन उत्पीड़न मामले में तीन साल की सजा सुनाई गई है। सिविल कोर्ट ने उन्हें दोषी करार देते हुए 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
रांची: रांची सिविल कोर्ट ने डीएवी कपिलदेव पब्लिक स्कूल के पूर्व प्रिंसिपल मनोज कुमार सिन्हा को यौन उत्पीड़न मामले में दोषी करार देते हुए तीन वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
अपर न्यायायुक्त अरविंद कुमार की अदालत ने शुक्रवार को सजा सुनाई। इससे एक दिन पहले गुरुवार को अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों, गवाहों और जांच रिपोर्ट के आधार पर आरोपी को दोषी ठहराया था। इसके बाद सजा के बिंदु पर फैसला सुरक्षित रख लिया गया था, जिसे शुक्रवार को सुनाया गया।

जांच अधिकारी द्वारा 25 जुलाई 2022 को अदालत में दाखिल चार्जशीट में पीड़िता के आरोपों को समर्थन देने वाले कई महत्वपूर्ण साक्ष्यों का उल्लेख किया गया था। इसके बाद अदालत में लंबे समय तक सुनवाई चली और करीब चार वर्षों की न्यायिक प्रक्रिया के बाद यह फैसला आया।
गिरफ्तारी के बाद आरोपी मनोज कुमार सिन्हा को नवंबर 2022 में झारखंड हाईकोर्ट से जमानत मिल गई थी, लेकिन बाद में पीड़िता ने उन पर धमकाने और दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए जमानत रद्द करने की मांग की। हाईकोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जमानत रद्द कर दी।
इसके बाद आरोपी ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया, लेकिन वहां से भी उन्हें राहत नहीं मिली। अंततः उन्होंने अदालत में आत्मसमर्पण किया, जिसके बाद उन्हें पुनः न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
इस मामले के फैसले को कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न और महिला कर्मियों की सुरक्षा के दृष्टिकोण से एक महत्वपूर्ण निर्णय माना जा रहा है। फैसले के बाद शिक्षा जगत में भी इस मुद्दे को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
Mohit Sinha is a writer associated with Samridh Jharkhand. He regularly covers sports, crime, and social issues, with a focus on player statements, local incidents, and public interest stories. His writing reflects clarity, accuracy, and responsible journalism.
