धारा-301 जांच के बीच भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने की कोशिश
भारत सहित 54 अर्थव्यवस्थाओं पर 12.5 फीसदी अतिरिक्त शुल्क का प्रस्ताव
भारत और अमेरिका के बीच धारा-301 जांच और प्रस्तावित अंतरिम व्यापार समझौते को लेकर वार्ता जारी है। अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय (यूएसटीआर) ने भारत सहित 54 अर्थव्यवस्थाओं से आयातित वस्तुओं पर 12.5 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाने का प्रस्ताव रखा है।
नई दिल्ली: भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक संबंधों को लेकर महत्वपूर्ण बातचीत जारी है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने बताया है कि दोनों देश अमेरिकी व्यापार अधिनियम की धारा-301 जांच और प्रस्तावित अंतरिम द्विपक्षीय व्यापार समझौते पर लगातार चर्चा कर रहे हैं। भारत का प्रयास है कि संभावित अतिरिक्त अमेरिकी शुल्कों से बचा जाए और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में अपने निर्यातकों के लिए बेहतर बाजार पहुंच सुनिश्चित की जाए।
मंत्रालय के अनुसार, अमेरिका की ओर से बंधुआ मजदूरी से जुड़े उत्पादों के आयात को लेकर शुरू की गई धारा-301 जांच के तहत भारत समेत कई देशों पर अतिरिक्त टैरिफ लगाने का प्रस्ताव सामने आया है। यूनाइटेड स्टेट्स ट्रेड रिप्रेजेंटेटिव (यूएसटीआर) ने 54 अर्थव्यवस्थाओं से आयातित वस्तुओं पर 12.5 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाने का प्रस्ताव दिया है, जबकि कुछ देशों पर 10 प्रतिशत शुल्क का सुझाव दिया गया है।

मंत्रालय के मुताबिक, धारा-232 के तहत पहले से लागू कुछ क्षेत्रीय शुल्कों के अंतर्गत आने वाले उत्पादों को प्रस्तावित अतिरिक्त शुल्कों से छूट दी गई है। वहीं, कपड़ा एवं परिधान क्षेत्र के लिए विशेष व्यवस्था प्रस्तावित की गई है, जिसके तहत कुछ देशों को सीमित मात्रा में कम शुल्क दरों पर अमेरिकी बाजार में प्रवेश की अनुमति मिल सकती है।
यूएसटीआर ने हितधारकों को 22 जून 2026 तक सार्वजनिक सुनवाई में भाग लेने के लिए आवेदन करने और 6 जुलाई 2026 तक लिखित सुझाव देने का अवसर दिया है। प्रस्तावित उपायों पर अंतिम निर्णय सार्वजनिक सुनवाई और प्राप्त सुझावों की समीक्षा के बाद लिया जाएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि भारत और अमेरिका के बीच अंतरिम व्यापार समझौता जल्द अंतिम रूप लेता है, तो इससे दोनों देशों के व्यापारिक संबंध और मजबूत होंगे तथा भारतीय निर्यातकों को अमेरिकी बाजार में नई संभावनाएं मिल सकती हैं।
Susmita Rani is a journalist and content writer associated with Samridh Jharkhand. She regularly writes and reports on grassroots news from Jharkhand, covering social issues, agriculture, administration, public concerns, and daily horoscopes. Her writing focuses on factual accuracy, clarity, and public interest.
