बिहार में सबसे बड़ी रेड: आर्केस्ट्रा गिरोहों से 40 से ज्यादा नाबालिग लड़कियां मुक्त, 22 गिरफ्तार
मुक्त कराई गई बच्चियों की काउंसलिंग शुरू, उम्र सत्यापन और कानूनी प्रक्रिया जारी
बिहार के गोपालगंज जिले में पुलिस और सामाजिक संगठनों की संयुक्त कार्रवाई में आर्केस्ट्रा समूहों से 40 से ज्यादा नाबालिग लड़कियों को मुक्त कराया गया। इस दौरान ट्रैफिकिंग और शोषण के आरोप में 22 लोगों को गिरफ्तार किया गया। जांच में खुलासा हुआ कि बच्चियों को कई राज्यों से बहला-फुसलाकर लाया गया था और शादी समारोहों में अश्लील नृत्य के लिए मजबूर किया जाता था।
गोपालगंज: बिहार के गोपालगंज जिले में आर्केस्ट्रा समूहों में नाबालिग लड़कियों के शोषण और उत्पीड़न के खिलाफ हालिया समय की सबसे बड़ी छापेमारी में 40 से ज्यादा नाबालिग लड़कियों को मुक्त कराया गया है।
जिले के कुचायकोट थाना क्षेत्र में रात एक बजे से सुबह सात बजे तक करीब 15 आर्केस्ट्रा समूहों पर हुई इस कार्रवाई में ट्रैफिकिंग और बच्चों के शोषण के आरोप में 22 संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया। यह पूरा अभियान अपर पुलिस महानिदेशक (कमजोर वर्ग) अमित जैन और गोपालगंज के पुलिस अधीक्षक विनय तिवारी की देखरेख में कुचायकोट पुलिस, एसोसिएशन फॉर वालंटरी एक्शन, नारायणी सेवा संस्थान और पटना स्थित बिहार पुलिस मुख्यालय ने संयुक्त रूप से चलाया।

बिहार में ट्रैफिकिंग गिरोहों और आर्केस्ट्रा समूहों के बीच गहरी सांठगांठ की ओर संकेत करते हुए एसोसिएशन फॉर वालंटरी एक्शन के वरिष्ठ निदेशक मनीष शर्मा ने कहा, “इस अभियान ने यह उजागर किया है कि बड़े पैमाने पर लड़कियों की ट्रैफिकिंग कर उन्हें राज्य के विभिन्न हिस्सों में चल रहे आर्केस्ट्रा समूहों में धकेला जा रहा है। इन लड़कियों को बहला-फुसलाकर यौन शोषण और उत्पीड़न के अंतहीन दलदल में झोंक दिया जाता है। दोषियों को सख्त सजा देने के साथ पीड़ित बच्चियों के पुनर्वास और पर्याप्त मुआवजे की तत्काल आवश्यकता है।”
एसोसिएशन फॉर वालंटरी एक्शन और नारायणी सेवा संस्थान पिछले एक महीने से इन आर्केस्ट्रा समूहों की गतिविधियों पर नजर रख रहे थे। जांच में सामने आया कि शादी-ब्याह के मौसम में ट्रैफिकिंग के जरिए पड़ोसी राज्यों से नाबालिग बच्चियों को लाया जाता था और उन्हें विवाह समारोहों में भोजपुरी गानों पर अश्लील नृत्य करने के लिए मजबूर किया जाता था।
जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रेन के राष्ट्रीय संयोजक रविकांत ने कहा, “यह बेहद चिंताजनक है कि संगठित ट्रैफिकिंग गिरोह आर्केस्ट्रा समूहों के माध्यम से बच्चों का शोषण कर रहे हैं। यह कोई अकेली घटना नहीं, बल्कि एक संगठित आपराधिक तंत्र की ओर इशारा करती है, जो बच्चों की मजबूरी और कानूनी सख्ती की कमी का फायदा उठा रहा है।”
Mohit Sinha is a writer associated with Samridh Jharkhand. He regularly covers sports, crime, and social issues, with a focus on player statements, local incidents, and public interest stories. His writing reflects clarity, accuracy, and responsible journalism.
