आशुतोष की अनोखी पहल से कोरोना खिलाफ कलाकार दे रहे हैं सुरमयी संदेश
रांची : पूरे देश में लॉकडाउन जारी है. सब अपने अपने घरों में बंद हैं. कोरोना योद्धा लगातार इस बीमारी से लोगों को सुरक्षित रखने में अपना जान जोख़िम में डाल रहे हैं. ऐसे विषम परिस्तिथि में रांची के एक युवा आशुतोष द्विवेदी ने राष्ट्रीय कला मंच पर ऑनलाइन सुर संगम कार्यक्रम की शुरुआत करायी. इसके माध्य्म से कलाकार कोरोना से बचने के लिए लोगों से अपनी कला के जरिए अपील कर रहे हैं. यह कार्यक्रम सफल भी हो रहा है.


मंच ने इस कड़ी में ऑनलाइन सुर संगम कार्यक्रम करके दर्शकों को एक बेहतर प्रोग्राम दिया और कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति से यह साबित कर दिया की कला बंद घरों में जाकर भी लोगों को जागरूक कर सकती है.
समाज के लिए है आईना
समाज के लिए कलाकर एक आईने की तरह होते हैं, जो अपनी कला के जरिए समाज के एक बड़े तबके को जागरूक करने का काम करते हैं. राष्ट्रीय कला मंच के सुर संगम कार्यक्रम के कई मायनों में इन कलाकारों के लिए एक प्लेटफार्म है, जिसके जरिए लोगों से सीधे तौर पर रूबरू हो रहे हैं. उनको संदेश भी दे रहे हैं. सैकड़ों की संख्या में कलाकार लगातार जुड़ रहे हैं.
मंच के सुर संगम कार्यक्रम के साथ भोजपुरी गायिका देवी, विनय आनंद, पवन सिंह, संजय महानंद, इंदु सोनाली, मैथिली ठाकुर, भवानी पांडेय, सीपी भट्ट, नागपुरी पद्मश्री मुकंद नायक, मृणालनी अखोरी, जोयती साहू, विपुल नायक, विजय प्रभाकर समेत रांची विश्विद्यालय के कुलसचिव अमर कुमार चौधरी, प्रो आनंद कुमार ठाकुर समेत 101 कलाकारों ने अपनी कला को बेहतरीन तरीके से रखा.
अशुतोष द्विवेदी की अहम भूमिका
राष्ट्रीय कला मंच के सुर संगम कार्यक्रम को सफल बनाने में छात्र नेता सह राष्ट्रीय कला मंच के संयोजक अशुतोष द्विवेदी ने बेहतरीन तरीके से काम किया है. लगातार लॉकडाउन के पहले चरण के बाद से ही यह कार्यक्रम सुचारू रूप से चल रहा है और अब लॉकडाउन के दूसरे चरण तक यानी तीन मई तक इस कार्यक्रम को चलाने की प्लानिंग राष्ट्रीय कला मंच ने किया है. इस विकट परिस्थिति के दौरान लोगों का मनोरंजन करने के साथ-साथ विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफार्म के जरिए लोगों को जागरूक करने का काम भी ये कलाकार कर रहे हैं, जो एक सराहनीय पहल है.


