Sahebganj News: निहारिका ने यूपीएससी में मारी बाजी, 365वीं रैंक लाकर जिले का किया नाम रोशन
दूसरे प्रयास में मिली सफलता, लोगों ने दी बधाई
साहिबगंज की बेटी निहारिका सिन्हा ने यूपीएससी 2025 की परीक्षा में 365वीं रैंक हासिल कर जिले का नाम रोशन किया है। कुलीपाड़ा निवासी एक साधारण परिवार से ताल्लुक रखने वाली निहारिका के पिता दर्जी हैं और माता स्वास्थ्य विभाग में नर्स के रूप में कार्यरत हैं। अपनी प्रारंभिक शिक्षा साहिबगंज और रांची से पूरी करने के बाद निहारिका ने कोलकाता के सेंट जेवियर्स कॉलेज से स्नातक किया। अपने दूसरे प्रयास में मिली इस शानदार सफलता का श्रेय उन्होंने अपने माता-पिता और अपनी बचपन की सहेली रितु महावर को दिया है। उनकी इस उपलब्धि से पूरे जिले में खुशी की लहर है और वे क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बन गई हैं।
साहिबगंज: देश की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) 2025 का परिणाम घोषित होते ही साहिबगंज जिले में खुशी की लहर दौड़ गई। जिले की बेटी निहारिका सिन्हा ने यूपीएससी परीक्षा में 365वीं रैंक हासिल कर न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे जिले का नाम रोशन किया है। कुलीपाड़ा निवासी निरंजन सिन्हा और शबनम कुमारी की बड़ी बेटी निहारिका शुरू से ही पढ़ाई में मेधावी रही हैं। एक साधारण परिवार से आने के बावजूद उन्होंने कड़ी मेहनत और लगन से यह मुकाम हासिल किया है। निहारिका ने अपनी दूसरी कोशिश में यह सफलता प्राप्त की। निहारिका के पिता निरंजन सिन्हा पेशे से दर्जी का काम करते हैं, जबकि उनकी माता शबनम कुमारी स्वास्थ्य विभाग में अनुबंध पर नर्स के रूप में कार्यरत हैं। बेटी की इस उपलब्धि से पूरा परिवार गौरवान्वित है।
निहारिका ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, गुरुजनों और दोस्तों को दिया है। उन्होंने विशेष रूप से अपनी सबसे अच्छी दोस्त रितु महावर का धन्यवाद किया, जिन्होंने तैयारी के दौरान हर कदम पर उनका साथ दिया। निहारिका और रितु की दोस्ती वर्ष 2006 से है, जब दोनों सातवीं कक्षा में पढ़ती थीं। निहारिका की शुरुआती पढ़ाई संत जेवियर स्कूल, साहिबगंज से हुई, जहां से उन्होंने वर्ष 2018 में दसवीं की परीक्षा पास की। इसके बाद उन्होंने जवाहर विद्या मंदिर, श्यामली रांची से वर्ष 2020 में बारहवीं की पढ़ाई पूरी की। आगे की पढ़ाई के लिए उन्होंने संत जेवियर कॉलेज, कोलकाता में दाखिला लिया और वर्ष 2023 में राजनीति शास्त्र से स्नातक की डिग्री प्राप्त की।
स्नातक के बाद निहारिका यूपीएससी की तैयारी के लिए दिल्ली चली गईं। वर्ष 2024 में उन्होंने पहला प्रयास किया, लेकिन उस समय मेन्स परीक्षा में सफलता नहीं मिल सकी। इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और लगातार मेहनत जारी रखी। आखिरकार वर्ष 2025 के दूसरे प्रयास में उन्होंने 365वीं रैंक हासिल कर अपने माता-पिता के सपनों को पंख दे दिए।
निहारिका की सफलता की खबर मिलते ही कुलीपाड़ा समेत पूरे साहिबगंज में खुशी का माहौल है। स्थानीय लोगों, शिक्षकों और समाजसेवियों ने उनके घर पहुंचकर उनके परिजनों को बधाई दी। लोगों ने कहा कि निहारिका ने यह साबित कर दिया है कि अगर मेहनत और लगन सच्ची हो तो साधारण परिवार का बच्चा भी बड़ी उपलब्धि हासिल कर सकता है। स्थानीय लोगों ने निहारिका को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनकी सफलता से जिले के अन्य युवाओं को भी प्रेरणा मिलेगी और आने वाले समय में साहिबगंज से और भी बच्चे यूपीएससी जैसी कठिन परीक्षा में सफलता प्राप्त करेंगे।
Related Posts
.jpg)
