Koderma News: मुनि श्री धर्म सागर जी महाराज ने किया केशलौच, उमड़ा श्रद्धा का सैलाब
घर की महिलाओं को दान हेतु धन देने की प्रेरणा
झुमरी तिलैया के नया जैन मंदिर में मुनि श्री धर्म सागर जी महाराज ने केशलौच की कठिन क्रिया संपन्न की। वहीं, मुनि श्री भावसागर जी ने धर्म सभा में महिलाओं को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने और उन्हें धार्मिक कार्यों में आगे रखने पर जोर दिया।
कोडरमा: समाधिस्थ परम पूज्य आचार्य श्री 108 विद्यासागर जी महाराज से दीक्षित एवं परम पूज्य आचार्य श्री 108 समय सागर जी महाराज के आज्ञानुवर्ती शिष्य मुनि श्री 108 धर्म सागर जी महाराज, मुनि श्री 108 भाव सागर जी महाराज के सान्निध्य में 6 मई 2026 को प्रातः काल की बेला में श्री दिगंबर जैन नया मंदिर झुमरी तिलैया कोडरमा में श्री जी का अभिषेक ओर शांतिधारा की गई इसके बाद विशेष मांगलिक,पूजन आदि क्रियाएं संपन्न हुवा, महिला वर्ग एवं पुरुष वर्ग ने गुरु के हाथों में शास्त्र अर्पण का सौभाग्य प्राप्त किया, परम पूज्य मुनि श्री 108 धर्म सागर जी महाराज ने अपने हाथों से केशलौच किया, अपने हाथों से बाल को उखाड़ने का जैन संत के अपने क्रियाओं में एक नियम है जिसे 2 महीना में एक बार करना पड़ता है।
इस अवसर पर धर्म सभा को संबोधित करते हुए मुनि श्री 108 भावसागर जी महाराज ने कहा कि धार्मिक क्रियाओ में सभी को आगे करना चाहिए चंवर ढुराने का आरती करने का भी अवसर महिलाओं को प्रदान करना चाहिए , पुरुष वर्ग को घर की महिलाओं के लिए बालक, बालिकाओं के लिए उनके खर्च के लिए धन देना चाहिए जिससे वह भी दान कर सकें, क्योंकि परिवार के लोगों को भी धन की आवश्यकता होती है,धन रहने से धर्म करने का भाव भी आता है और महिलाएं ही धर्म की कार्य मे अग्रसर रहकर धर्म को आगे बढ़ाती है।

