खानाकुल के 147 नंबर बूथ पर आईएसएफ और तृणमूल कार्यकर्ताओं में झड़प, फर्जी पोलिंग एजेंट को लेकर बढ़ा विवाद
पश्चिम बंगाल के खानाकुल क्षेत्र में मतदान के दौरान आईएसएफ और तृणमूल कार्यकर्ताओं के बीच फर्जी पोलिंग एजेंट को लेकर विवाद हो गया, जो झड़प और हाथापाई तक पहुंच गया। पुलिस और केंद्रीय बल ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया।
हुगली। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के दौरान खानाकुल में तनाव की स्थिति देखने को मिली। क्षेत्र के राजाहाटी-1 ग्राम पंचायत के रामचंद्रपुर स्थित 147 नंबर बूथ पर आईएसएफ (इंडियन सेक्युलर फ्रंट) के “फर्जी पोलिंग एजेंट” बैठाने का आरोप सामने आया है।
इस घटना को लेकर आईएसएफ और तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच झड़प और हाथापाई की खबर भी मिली है। हालात बिगड़ने पर पुलिस और केंद्रीय बल मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, बुधवार सुबह रामचंद्रपुर के 147 नंबर बूथ पर आईएसएफ ने आरोप लगाया कि तृणमूल ने उनके पोलिंग एजेंट के फॉर्म की नकल कर अपने कार्यकर्ताओं को एजेंट बनाकर बैठा दिया। आईएसएफ का यह भी दावा है कि उनके असली एजेंट को रात में धमकाया गया था।
घटना की जानकारी पाकर आईएसएफ कार्यकर्ता सुबह बूथ पर पहुंचे और कथित “फर्जी एजेंट” को बाहर निकाल दिया। इसके बाद दोनों दलों के बीच तनाव बढ़ गया और विवाद हाथापाई तक पहुंच गया। इस मामले पर खानाकुल से आईएसएफ उम्मीदवार शेख साद्दाम हुसैन ने आरोप लगाया कि तृणमूल ने पांच बूथों से आईएसएफ कार्यकर्ताओं के फॉर्म छीन लिए और उन्हीं का इस्तेमाल कर फर्जी एजेंट बनाकर बूथ में प्रवेश कराया।
वहीं, तृणमूल उम्मीदवार पलाश रॉय ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि खानाकुल में शांतिपूर्ण मतदान हो रहा है और केंद्रीय बल तैनात हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसी किसी घटना की जानकारी नहीं है।
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