Indian foreign policy
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Read More... Opinion: ढाका का बदलता मौसम, पूर्वोत्तर भारत की नई चुनौती: डॉ. अतुल मलिकराम
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By Mohit Sinha
भारत और बांग्लादेश के संबंध केवल दो पड़ोसी देशों की कूटनीति तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इनका सीधा असर भारत के पूर्वोत्तर की सुरक्षा, व्यापार, कनेक्टिविटी और विकास पर पड़ता है। डॉ. अतुल मलिकराम अपने लेख में शेख हसीना सरकार के दौर में दोनों देशों के बीच बढ़े सुरक्षा सहयोग, भूमि सीमा समझौते, कनेक्टिविटी परियोजनाओं और आर्थिक साझेदारी का उल्लेख करते हुए 2024 के बाद बदले राजनीतिक समीकरणों का विश्लेषण करते हैं। विदेशी नहीं, देशी चैनल से रुकवाया गया युद्ध: जयशंकर ने संसद में खोली ऑपरेशन सिंदूर की सारी परतें
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By Samridh Media Desk
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने लोकसभा में स्पष्ट किया कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत और पाकिस्तान के बीच युद्धविराम में अमेरिका या पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की कोई भूमिका नहीं थी। उन्होंने बताया कि 22 अप्रैल से 17 जून के बीच प्रधानमंत्री मोदी और ट्रंप के बीच कोई कॉल ही नहीं हुआ। युद्धविराम की प्रक्रिया पाकिस्तान के DGMO द्वारा शुरू हुई थी और भारत ने इसे अपनी शर्तों पर स्वीकार किया। जयशंकर ने कहा कि भारत ने अपने सैन्य और राजनीतिक लक्ष्य पूरा कर लिए थे और कोई विदेशी दबाव नहीं था। ट्रंप का दावा निराधार है। 




