पाकिस्तान दहला: क्वेटा में सैन्य अधिकारियों से भरी ट्रेन पर आत्मघाती हमला, 27 की मौत
बीएलए ने ली हमले की जिम्मेदारी, मजीद ब्रिगेड का नाम सामने आया
बलोचिस्तान की राजधानी क्वेटा में शनिवार सुबह एक शटल ट्रेन पर हुए आत्मघाती हमले में 27 सैन्य अधिकारियों की मौत हो गई, जबकि 131 से अधिक लोग घायल हो गए। विस्फोट के कारण ट्रेन की कई बोगियां पटरी से उतर गईं और इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
इस्लामाबाद: पाकिस्तान के अशांत प्रांत बलोचिस्तान की राजधानी क्वेटा में चमन फाटक के पास शनिवार सुबह एक शटल ट्रेन पर हुए आत्मघाती हमले में कम से कम 27 सैन्य अधिकारी मारे गए और 131 से अधिक घायल हो गए। विस्फोट की वजह से ट्रेन की तीन बोगियां पटरी से उतर गईं और दो डिब्बे पलट गए। इस दौरान एक बोगी में आग लग गई।
‘द बलोचिस्तान पोस्ट’ की रिपोर्ट के अनुसार, बकरीद के अवसर पर इस शटल ट्रेन के तीन कोच में पाकिस्तान के सैन्यकर्मी क्वेटा कैंट से क्वेटा रेलवे स्टेशन जा रहे थे। वहां से इसे जाफर एक्सप्रेस से जोड़ा जाना था। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, ट्रेन में 336 यात्री सवार थे।

बलोचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। बीएलए के प्रवक्ता जयंद बलोच ने कहा कि इस घटना को बीएलए के मजीद ब्रिगेड ने अंजाम दिया। जयंद के बयान में कहा गया है कि शटल ट्रेन में पाकिस्तानी सेना के जवान और अफसर यात्रा कर रहे थे, जिन्हें निशाना बनाया गया।
संघीय अधिकारियों के अनुसार, क्वेटा और उसके आसपास के इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। रेलवे ट्रैक, रेलवे स्टेशनों और संवेदनशील स्थानों की निगरानी तेज कर दी गई है। क्वेटा के सभी अस्पतालों में आपातकाल घोषित कर दिया गया है।
गैस पाइपलाइन को भी उड़ाया
उधर, बलोच रिपब्लिकन गार्ड्स के प्रवक्ता दोस्तिन बलोच ने मीडिया को जारी बयान में कहा कि शुक्रवार रात लड़ाकों ने सिंध के काशमोर क्षेत्र के पास शाहवाली में सुई से कराची जाने वाली गैस पाइपलाइन में विस्फोटक लगाकर उसे उड़ा दिया। प्रवक्ता ने कहा कि जब तक बलोचिस्तान को आजाद नहीं किया जाता, तब तक ऐसे हमले जारी रहेंगे।
पहले भी हुए हैं ट्रेनों पर हमले
इससे पहले भी बलोच मुक्ति सेना रेलवे प्रतिष्ठानों और पाकिस्तान की सेना को निशाना बना चुकी है। बलोच मुक्ति सेना ने 9 नवंबर, 2024 को क्वेटा रेलवे स्टेशन पर हुए हमले की जिम्मेदारी ली थी। इस हमले में क्वेटा के इन्फैंट्री स्कूल से प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके सैन्यकर्मियों को माजिद ब्रिगेड ने निशाना बनाया था।
इसके बाद 11 मार्च, 2025 को बोलन क्षेत्र में जाफर एक्सप्रेस का अपहरण कर लिया गया था। इस ऑपरेशन में बलोच मुक्ति सेना की माजिद ब्रिगेड ने सैकड़ों पाकिस्तानी सैनिकों को बंधक बनाया था और बाद में शर्तों के आधार पर उन्हें छोड़ा गया था।
Mohit Sinha is a writer associated with Samridh Jharkhand. He regularly covers sports, crime, and social issues, with a focus on player statements, local incidents, and public interest stories. His writing reflects clarity, accuracy, and responsible journalism.
