Breaking News

रामेश्वर उरांव के विरोध में सरकारी स्कूल के शिक्षक

रामेश्वर उरांव के सरकारी स्कूलों के शिक्षकों पर दिये ब्यान के विरोध में मंगलवार को राज्य के विभिन्न जिलों के शिक्षकों ने काला बिल्ला लगाकर विरोध प्रदर्शन किया

सरकारी शिक्षकों का प्रदर्शन

राँची: झारखंड के वित्त मंत्री रामेश्वर उरांव के सरकारी स्कूलों के शिक्षकों पर दिये ब्यान के विरोध में मंगलवार को राज्य के विभिन्न जिलों के शिक्षकों ने काला बिल्ला लगाकर विरोध प्रदर्शन किया है। इस क्रम में उन्होंने स्कूल के सारे कार्य के दौरान काला बिल्ला लगाये रखा। उनकी मांग है कि रामेश्वर उरांव अपने ब्यान के लिये माफि मांगे।

ज्ञात हो कि रामेश्वर उरांव ने हाल ही में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा था कि प्राइवेट स्कूल नहीं होते तो आज झारखंड में शिक्षा की गुणवत्ता संभव नहीं थी। इस ब्यान को सरकारी शिक्षकों ने अपना अपमान बताया है। उनका मानना है कि उनके द्वारा किये जा रहे मेहनत और समर्पण का रामेश्वर उरांव अपमान कर रहें है ।

शिक्षकों द्वारा किये गये विरोध में उनका कहना है कि सरकारी स्कूल के शिक्षक कोरोना काल में भी फ्रंटलाइन वर्कर की तरह कार्य किया है। चाहे कोरोना में बच्चों तक ऑनलाइन शिक्षा पहुँचाना हो, सरकरा द्वारा कोरोना में किये गए सर्वे या लगों तक राशन पहुँचाना हो हर क्षेत्र में सरकरी शिक्षकों ने अपना योगदान दिया है। इसके बावजूद वित्त मंत्री की सरकारी शिक्षकों के लिये ऐसी सोच रखना गलत है।

सरकारी शिक्षक और प्राइवेट शिक्षकों की तुलना करना बेबुनियाद है। सरकारी शिक्षकों का कार्य केवल  स्कूल के पाठ्यक्रम के घंटी तक सीमित नहीं रहता। वे बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिये कार्य करते हैं।

 

यह भी देखें