रांची के अखबारों के सुर्खियां : कैबिनेट विस्तार पर तारीख पर तारीख, अब बाबूलाल के निशाने पर हेमंत
रांची : झारखंड की राजधानी रांची से छपने वाले प्रमुख अखबारों ने आज अलग-अलग खबर को सुर्खी बनाया है. अखबारों ने अपनी खबरों से राज्य का राजनीतिक समीकरण बदलने का अहसास कराया है.
प्रभात खबर ने आज पहले पन्ने पर अपने श्वेत पत्र काॅलम के तहत खबर दी है कि पतरातू रिजार्ट को अफसरों की पत्नियों के पिकनिक मनाने के लिए बंद करने का फैसला लिया गया था. अखबार ने इस संबंध में सोशल मीडिया पर भेजे गए मैसेज का स्क्रीन शाॅट भी छापा है, लेकिन खबर फैलने के बाद इस फैसले को टाल दिया गया. अखबार ने इस संबंध में रामगढ के डीसी का बयान दिया है कि मैंटेनेंस कार्य के कारण रिजार्ट को 19 तारीख को बंद रखने का निर्णय लिया गया था और हां इस दौरान एक संगठन ने पिकनिक के लिए संपर्क किया था, लेकिन गलत सूचना फैलने के कारण मैंटेनेंस कार्य को स्थगित कर रिजार्ट को खोल दिया गया. अखबार ने पहले पन्ने पर ही अर्जुन मुंडा के तिरंदाजी संघ का अध्यक्ष चुने जाने की खबर दी है और अभिनेत्री शबाना आजमी के घायल होने की खबर दी है.दैनिक जागरण ने खबर दी है कि हरियाणा के कुरुक्षेत्र में झारखंड के खिलाड़ियों पर हारने का दबाव बनाया गया. कुरुक्षेत्र में बालिका फुटबाॅल टूर्नामेंट में आयोजकों पर साजिश रचने का आरोप है. अखबार ने रांची के एक युवक राकेश कुमार गुप्ता की खबर छापी है, जिसने सट्टे में 12 लाख गंवाने के बाद आत्महत्या कर ली. अखबार ने कपिल सिब्बल के उस बयान को प्रमुखता दी है जिसमें उन्होंने कहा है कि सीएए को लागू करने से राज्य मना नहीं कर सकते हैं. अखबार ने हेमंत कैबिनेट में संभावित विभाग बंटवारे की रूपरेखा खींचने की कोशिश की है और लिखा है कि सत्यानंद भोक्ता को जल संसाधन, आलमगीर आलम को ग्रामीण विकास एवं रामेश्वर उरांव को वित्त एवं राजस्व अथवा स्वास्थ्य विभाग दिया जा सकता है.
दैनिक भास्कर ने हर रविवार की तरह आज पहले पन्ने पर अपने विशेष आयोजन को ही जगह दिया है. भास्कर पड़ताल के तहत एक स्टोरी है: गद्दारी, एक ही साल में फौज में पकड़े गए सबसे ज्यादा जासूस. साल 2019 में कुल 32 जासूस पकड़े गए. अखबार ने दूसरी अहम खबर दी है कि 24 डिग्री पर एसी चलाने पर साल में देश की 10 करोड़ की बिजली बचेगी. एक स्टोरी है: एयरपोर्ट पर भूले सामान को 35 प्रतिशत यात्री ही वापस लेते हैं. अखबार ने छपाक फिल्म के परिप्रेक्ष्य में एक खबर दी है कि 11 साल में 11 फिल्में विवाद में आयीं, इनमें एक को ही नुकसान हुआ. अखबार ने द इकोनामिस्ट की एक खबर छापी है: खुद के खिलाफ ही कर रहे हैं हेट पोस्ट और फिर आत्महत्या. यह खतरनाक ट्रेंड अमेरिका का है.
Latest News



